धर्म विशेष

बहुमुखी प्रतिभा के धनी हैं बर्तमान बीजेपी अध्यक्ष राजनाथ सिंह -- अब आयी परीक्षा की घडी---! .

         बर्तमान बीजेपी के अध्यक्ष राजनाथ का जन्म बर्तमान चंदौली जिले में हुआ उनकी कर्म स्थली मिर्जापुर जिला है संघ कार्यालय में रहकर पढाई की और पढने में हमेसा प्रथम स्थान पर रहते मिर्जापुर में एक डिग्री कालेज में प्राध्यापक बने वे संघ नगर कारवाह, तहसील कार्यवाह तथा बिभिन्न दायित्व को निभाया बाद उनको राजनीती में भेज गया वे भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष बने, बीजेपी के बिभिन्न दायित्व को निभाते हुए प्रदेश अध्यक्ष भी हुए १९९१ श्रीराम जन्मभूमि आन्दोलन के परिणाम स्वरुप बीजेपी उत्तर प्रदेश में कल्याण सिंह के नेतृत्व में सरकार बनी राजनाथ सिंह उस मंत्रिमंडल में माध्यमिक शिक्षा मंत्री बने उस समय नक़ल अध्यादेश जरी कर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया प्रदेश ही नहीं देश में उदहारण प्रस्तुत किया ढाचा टुटा सरकार गयी प्रदेश में समाज- बादियो की सरकार बनी वह भी चल न सकी पुनः बीजेपी और बसप की सरकार बनी और बीजेपी के रूप में परिणित हो गयी लीग कहते हैं की यह करिश्मा राजनाथ सिंह का ही था, एक दिन बात-चित में उन्होंने ने कहा की अब पावर चाहिए और वे मुख्यमंत्री हो गए कहते है की राजनाथ सिंह भारत के सबसे भाग्यशाली नेता है किसी भी कंट्रो-वर्षी में नहीं फसते हमेसा किसी न किसी महत्वपूर्ण स्थान पर वे रहते ही हैं यह उनकी विशेषता है, कहते हैं की कुछ मुद्दे पर वे पार्टी के तारणहार भी हैं, आज वे दुबारा बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं.
कठिन डगर-------
        बीजेपी आज अपने को बिकल्प के रूप में पेस ही नहीं कर रही है बल्कि भारत की जनता ही नहीं विश्व के राजनातिक भी बीजेपी को ही शासन योग्य मानते हैं लेकिन दुर्भाग्य पीछा नहीं छोड़ता बीजेपी का नेत्रित्व जो बिपक्ष की नेता हैं वे अपने प्रदेश में चुनाव नहीं जीत सकती उन्हें दिल्ली का मुख्यमंत्री बनाया गया वह चुनाव जीता नहीं सकीं इतना ही नहीं वे दिल्ली से चुनाव न लड़कर सुरक्षित सीट खोजती रहती है एक दुसरे नेता है जो सभासद का भी चुनाव नहीं लड़े, ये सबके-सब नेता नहीं मैनेज़र हैं इसी प्रकार जनाधार बिहीन लोग जगह -जगह बैठाये जा रहे हैं आइये हम आपको बिहार ले चलते है जहाँ पार्टी की सर्बाधिक दुर्गति होने वाली है जिस गोपाल नारायण सिंह ने पार्टी को जमीन पर खड़ा किया जो सी.पी. ठाकुर जनाधार वाले नेता हैं वे हासिये पर है पार्टी के अध्यक्ष कौन है जो किसी वार्ड का चुनाव नहीं जीत सकते कल-तक कांग्रेस में थे, उनकी विशेषता केवल इतना है कि वे सुशील मोदी के स्टाम्प हैं नितीश का कोई आधार नहीं था आज वे बीजेपी का नेतृत्व कर रहे हैं यदि समय रहते पार्टी नहीं चेती तो पार्टी का हाल उड़ीसा जैसा ही होगा पार्टी को एक भी मुसलमान का वोट नहीं मिलता लेकिन पार्टी के लव जेहादियों को लगातार बढ़ावा देने से हिन्दू मतदाता दुखी हैं बिहार में हिन्दू अपने को ठगा महसूस कर रहा है एक तरफ लगातार नितीश मस्जिद और मजारों का चक्कर लगा रहे है दूसरी तरफ सुशील देवघर में रहते हुए भगवान के दर्शन से परहेज कर रहे हैं.
       अब पार्टी के पास केवल एक ही बिकल्प है वो है नरेन्द्र मोदी इस समय मोदी कि आधी चल रही है भारत और हिन्दू के पास कोई बिकल्प नहीं बचा देश को बचाना है भारत और हिंदुत्व को बचाना है अपनी मर्यादा अस्तित्व को बचाना है दुनिया में भारत को सम्मान दिलाना है भारत को इस्लामीकरण अथवा ईसाईकरण से रोकना है तो मोदी ही दिखाई देते हैं गाव देहात से लेकर शहर और कस्बों में अब इन नेताओ से जनता ऊब चुकी है सभी की जुबान पर मोदी ही हैं लेकिन नितीश से बीजेपी नेता भयक्रांत हैं और नितीश कुमार -मोदी से भयक्रांत है, यह सभी को पता है की भारत की छोटी-मोटी पार्टियाँ समाप्त हो जाएगी  जितने सर्वे आ रहे हैं अकेले बीजेपी बिहार में यदि मोदी के नेतृत्व में चुनाव लड़े तो ४० सीट में ३० सीट जीत सकती है आम जनता को यह सब जानकारी है लेकिन बीजेपी को क्यों नहीं--? सारा देश ही नहीं अमेरिका सहित सारा विश्व नरेन्द्र मोदी के पक्ष होता दिखाई दे रहा है आखिर बीजेपी क्यों नहीं--?  अब राजनाथ सिंह की परीक्षा है की वे अध्यक्ष है या किसी के रबर स्टाम्प वैसे आरएसएस की जयपुर प्रतिनिधि सभा को संबोधित करते हुए संघ के सरसंघचालक मा.मोहन भागवत ने कुम्भ मेले का उदाहरण देते हुए साफ-साफ कहा की संत ही नहीं पूरा देश एक ही नाम ले रहा है वह एक स्वयंसेवक के नाम है जनता पहली बार प्रधानमंत्री चुनने को ब्याकुल है जनता आगे है पार्टी पीछे, अब निर्णय पार्टी को करना है यदि निर्णय ठीक नहीं हुआ तो उसका परिणाम भी पार्टी को भोगना पड़ेगा यह इशारा नरेन्द्र मोदी के तरफ ही था जहाँ पर राजनाथ जी बैठे थे अब उन्हें अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल गया है जो देश के हित लिए सबसे अच्छा काम करने का अवसर है .

2 टिप्‍पणियां

भारतीय नागरिक - Indian Citizen ने कहा…

आगे आगे देखिये होता है क्या.

बेनामी ने कहा…

aur rajnath ne dikhaya dam-----------!