मतान्तरण का बदलता स्वरुप --!

छल, प्रपंच व हिंसा के द्वारा धर्म प्रचार इस्लाम का पुराना आधार रहा है, पर आज वक्ती जरुरत के तौर पर इस्लाम ने धर्मान्तरण करने का अपना स्वरूप व तरीका भी बदल दिया है इस्लाम में किसी काफ़िर को अपने दीन में लाने का  सबाब बहुत अधिक बताया गया है। एक हदीस में हज़रत मुहम्मद कहते है --''आप इस्लाम का प्रचार करो अगर एक भी आयत जानते है !'' यही कारण है की मुसलमान किसी गैर मुस्लिम को अपने दीन में लाने के लिए कुछ भी करने को तैयार रहता है, भारत में हिन्दू लडकियों को फ़साने के लिए कई संगठन कार्यरत है, ईसाई संगठनों की तरह अब मुस्लिम संगठन भी बौद्धिक बहस आदि सार्बजनिक कार्यक्रमों का आयोजन करते है। जिसमे धर्मपरिवर्तन कराया जाता है, बम्बई स्थित 'इस्लामिक रिसर्च सेंटर' नामक संस्था के प्रमुख डॉ जाकिर नाईक व उनकी संस्था इस धर्मान्तरण की मुहीम में अग्रगणी। यह संस्था 'पीस टी.वी.' नामक चैनल चलाती है जो भारत समेत लगभग सारी दुनिया में दिखाया जाता है भारत में अभी यह चैनल तीन भाषाओ उर्दू, अंग्रेजी और बंगाली में दिखाया जाता है। यह संस्था दुनिया भर के मुसलमानों में कट्टरपन की प्रचार करती है, बौद्धिक प्रपंच का सहारा लेकर धर्मान्तरण कराना इसका मुख्य लक्ष्य है, इस संगठन के मुखिया जाकिर नाईक के कार्यक्रमों में लाखो लोग आते है जिसमे अधिकांस गैर मुस्लिम होते है। जाकिर नायक अपने कार्यक्रमों में स्वामी अग्निवेश [हिन्दू बिरोधी] जैसे लोगो को बुलाता है और खुले आम हिन्दू धर्म का मजाक उडाता है, सबसे आश्चर्य की बात है कि ब्रिटेन, अमेरिका, कनाडा, पाकिस्तान जैसे तमाम देशो में जाकिर नायक के घुसने पर प्रतिबन्ध है पर भारत में उसके भाषण हर जगह होते है तथा उसका टी.वी. चैनल हर राज्य में दिखाया जाता है।

लव जिहाद ---!

१९९० के दशक में ISI  ने एक योजना के तहत फिल्म इंडस्ट्री के खान बंधुओ का बिबाह हिन्दू लडकियों से हुआ जिसका उद्देश्य था कि हिन्दू लडको से मुस्लिम लड़के अधिक स्मार्ट होते है। इस मिशन को लव जेहाद कहा गया आज पूरे भारत लव जेहाद फ़ैल चुका है, इसके पीछे एक पूरी योजना है मौलबी मुस्लिम युवको को यह कह कर बहकाते है की हिन्दू स्त्रियों को बहकाकर उन्हें भ्रष्ट करना स्वर्ग का रास्ता है। स्थानीय मस्जिदों से उन्हें पैसे, मोबाईल और साधन उपलब्ध कराये जाते है जिसका उपयोग वे हिन्दू लडकियों को महगे उपहार देने और फ़साने में करते है, ये मुस्लिम युवक अपने हाथ पर हिन्दू युवाओ की तरह कलावा बाधते है अपने नाम राजू, बबलू इत्यादि रख लेते है। एक बार कोई हिन्दू लड़की फस गयी फिर उससे निकाह करके मध्य- पूर्व देश में ले जाकर देह ब्यापार के लिए बेच देते है। अथवा उसकी अश्लील सी. डी. बनाकर उसे ब्लेक मेल करते है या आत्मघाती हमले में प्रयोग करते है और प्रचार करना की इस्लाम के लिए जेहाद किया, लव जेहाद का यह षड़यंत्र खुलकर सामने आ चुका है केरल के मुख्यमंत्री अच्चुतानंद यह स्वीकार कर चुके है पोपुलर फ्रंट सहित कई मुस्लिम संगठन 'लव जेहाद' के माध्यम से केरल को मुस्लिम बहुल बनाने का षड़यंत्र कर रहे है। मामला इतना गंभीर है कि केरल के हाईकोर्ट ने इस पर चिंता जताई है तथा सरकार से पूछा है कि क्या कारण है जो भी हिन्दू लड़की किसी मुसलमान से शादी करती है वह गायब हो जाती है। कर्णाटक सरकार ने तो "खुफिया एजेंसी" की एक शाखा को 'लव जेहाद' पर नज़र रखने को तैनात किया है। यह घटना उ. भारत में भी चल रहा है मेरठ, मुज़फ्फरनगर, बागपत, सहारनपुर इत्यादि जिलो की घटनाये सामने आई है। 'इण्डिया टुडे' पत्रिका ने भी अपने लेख में लिखकर हिंदू समाज को चेतावनी देने का काम किया है। इस "लव जेहाद" के मुहीम में देश की कई मुस्लिम संस्था लगी हुई है इन संगठनों ने इस तरह के प्रशिक्षण की ब्यवस्था बना रखी है तथा उन्हें हर प्रकार के साधन उपलब्ध कराये जाते है।

 तुष्टिकरण---!

१- ९ मार्च २००५ को सच्चर कमेटी का गठन न्यायमूर्ति राजेंद्र सच्चर की अध्यक्षता में किया गया, समिति ने सिफारिस की थी कि मुस्लिम समुदाय के लोगो के बीच विस्वास कायम करने के लिए अधिक मुस्लिम आबादी वाले क्षेत्रों में कम से कम मुस्लिम पुलिस इंस्पेक्टर होना चाहिए। हाल ही में केंद्र सरकार ने सभी राज्यों से कहा है कि जिन इलाको में मुस्लिम आबादी की बहुलता है वाह कम से कम पुलिस अधिकारी तैनात किया जाय

२- भारत के प्रधानमंत्री का एक बयान आया  जिसमे उन्होंने कहा कि देश के संसाधनों पर पहला अधिकार मुसलमानों का है। 
३- हाल के उत्तर प्रदेश चुनाव से पूर्व केंद्र सरकार  ने मुसलमानों को OBC  कोटे से ४.५% आरक्षण देने की घोषणा की  सुप्रीमकोर्ट द्वारा इस आदेश को निरस्त किये जाने के बाद सरकार एन-केन प्रकारेण इसे लागु करने का प्रयास कर रही है। 

४- बिहार के हर जिले में सरकार की योजना मुस्लिम क्षत्रवास खोलने की है।किसनगंज में अलीगढ मुस्लिम विश्वविद्यालय की शाखा खोलने सरकारी योजना है जिसके लिए जमीन का आबंटन हो चूका है। 

५- पूरी दुनिया में इस्लाम, इसाईयत व कम्युनिस्ट तीनो आपस में संघर्ष रत है लेकिन भारत में हिन्दू समाज के खिलाफ सब शक्तिया एकजुट है। 
६- आज-कल इस्लाम का प्रचार करने वाले टी.वी. चैनलों की बाढ़ सी आ गयी है इन चैनलों को प्रायः भारत के सभी प्रमुख शहरो में दिखाया जाता है ये चैनल गैर मुस्लिमो के बीच इस्लाम धर्म का प्रचार का काम करते है, इन चैनलों पर आने वाले कार्यक्रमों में हिन्दू धर्म को नीचा दिखाने का प्रयास रहता है

हिन्दू संतो व मौलबी में अंतर और हिन्दू संतो का कर्तब्य --!

भारत में हिन्दू समाज के बीच धर्मजागरण का काम करने वाले संतो की कमी नहीं है परन्तु उनके प्रवचनों में भारत में हिन्दुओ के समक्ष उनकी चुनौतियों का जिक्र नहीं होता वे हिन्दू समाज को आत्मा के मुक्ति का ही उपाय बताते है इसलिए अवश्यक है की हिन्दू साधू, संत अपने प्रवचनों को हिन्दू समाज के खिलाफ चलाये जा रहे षड्यंत्रों से समाज को अवगत कराये। 

 १- लव जेहाद के खिलाफ जागरण करे । 
  2- बढ़ते मुस्लिम प्रजनन पर प्रकाश डाले। 
३-  बंगलादेशी घुसपैठ पर बिचार देकर समाज को जगाये ।
 ४- सरकार द्वारा अथवा बिभिन्न राजनैतिक दलों द्वारा तुष्टिकरण निति पर देश को बताये
 ५- बढ़ते मस्जिद, मदरसे व मजार के प्रति आगाह करना। 
 ६- मुस्लिम धर्म प्रचार करने वाले तबलीगियो, मौलबियों से किस तरह निपटा जाय। 
७- 'हिन्दू घटा देश बटा' इस कथन की यथार्थता हिन्दू समाज के सामने लाये
८- समय-समय पर मुसलमानों को विशेषाधिकार देने का प्रयास व षड़यंत्र को उजागर करे। 
९- कुरान और हदीसो के गैर मुस्लिमो के खिलाफ घृणा व नफरत फैलान्र वाली आयते है उसके बारे में समाज का जागरण। 
१०- दलित समाज को हिन्दू समाज से तोड़ने के इस्लामी प्रयासों के खिलाफ समाज में जागरण। 
        संतो से यही अनुरोध है यदि ये करेगे तो हिन्दू बचेगा और उसी में उनका भला भी है, यदि हिन्दू नहीं रहा तो संतो की क्या मुसलमान, ईसाई पूजा करेगे-----?